51. भाषा शिक्षण में मुल्यांकन का प्रयोजन है
- भाषा के प्रति रूचि जाग्रत करना
- विषय की जाँच करना
- अगली कक्षाओं में क्रमोन्नति देना
- ये सभी
52. पढकर अर्थ ग्रहण करने का उददेश्य पूरा होता है, भाषा शिक्षण का यह क्रियाकलाप है
- प्रश्न पूछना
- शब्द विश्लेषण
- वार्तालाप
- वचन
53. भाषा शिक्षण के दौरान शुद्ध एवं स्पष्ट बोलने की योग्यता मिलती है
- कठिन निवारण द्वारा
- विषय-वस्तु विश्लेषण द्वारा
- उच्चारण संशोधन द्वारा
- वचन द्वारा
54. मानव प्रेम की और अग्रसर होना अपेक्षित परिवर्तन जिस उददेश्य की सम्भावना है, वह है
- अर्थ ग्रहण
- भाषा तत्व
- अभिरुचि
- सद प्रवृत्तियों का विकास
55. व्याकरण के ज्ञान से भाषा बनती है
- शुद्ध
- अशुद्ध
- अभिक रूप से शुद्ध
- इनमे से कोई नही
56. भाषा शिक्षण का सामान्य उददेश्य है
- छात्रों में सर्जनात्मक शक्ति का विकास करना
- भाव्नुकुल भाषा प्रयोग, स्वर निर्माण अंग संचालन का अभ्यास करना
- छात्रों में शुद्ध, सरल, स्पष्ट ढंग से आत्मभिव्यक्ति की योग्यता उत्पन्न करना
- उपरोक्त सभी
57. शिक्षण में सबसे महत्त्वपूर्ण सिद्धान्त है
- साहचर्य सिद्धान्त
- आवृत्ति का सिद्धान्त
- बोलचाल का सिद्धान्त
- लिखने का सिद्धान्त
58. भाषा शिक्षण के दौरान अध्यापक द्वारा कक्षा में किये गये वैयक्तिक वाचन को कहते है
- सामूहिक वाचन
- आदर्श वाचन
- अनुकरण वाचन
- सस्वर वाचन
59. बच्चे भाषा सीखने की क्षमता के साथ पैदा होते है ! मुख्यतः यह किसका विचार है ?
- एल.एस. वैगोत्सकी
- इवान पावंलाव
- नोओंम चास्की
- जीन पियाजे
60. अध्यापक की देखरेख में विधार्थियों द्वारा किया जाने वाला कार्य किस विधि के अन्तर्गत आता है ?
- अनुसन्धान विधि
- समस्या समाधान विधि
- अवलोकन विधि
- प्रदर्शन विधि
